Thursday, June 4, 2020
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गुजरात- मेडिकल कॅपिटल ऑफ इंडिया

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देशभर में गुजरात राज्य एक विकास मोडल के रुप में उभर के सामने आया है और कई क्षेत्र में नवीन कार्य करने के जज्बों के साथ गुजरात अन्य राज्यों को भी पथ पर्दर्शित और प्रेरणा देती आ रही है.

गुजरात की आर्थिक राजधानी माने जाने वाला अहमदाबाद शहर विश्व पटल पर चिकित्सा और स्वास्थ सेवा के लिए केंद्रबिंदु के रुप में उभर के सामने आया है, जिसमें लगभग 110 एकड में फैला सिविल होस्पिटल का महत्वपूर्ण स्थान है. “ADVANCE TREATMENT AT CHARITABLE COST” और विशेषज्ञ डोक्टरों की विशाल संख्या के मौजुदगी में 4500 बेड की सुविधा से लैस ये होस्पिटल जनता को सर्वश्रेष्ठ ईलाज मुहया करा रही है.

सिविल होस्पिटल में हर साल लगभग 28 लाख मरीजों का ईलाज किया जाता है साथ ही साथ यहां सालाना 80 हजार से ज्यादा सर्जरियां भी की जाती है. सिविल होस्पिटल के बाद अहमदाबाद में ही स्थित वाडीलाल साराभाई (वीएस) होस्पिटल का स्वास्थ सेवा प्रदान करने में महत्वपूर्ण स्थान है, जहां सालाना लगभग 5 लाख मरीजों का ईलाज किया जाता है तो वहीं एक साल में लगभग 25 हजार मरीजों का सफल्तापुर्बक सर्जरी भी कि जाती है. सरकारी सेवा और सुविधाओं का लाभ लेने वाले मरीजों से अपना गुजरात की टीम उनका अनुभव जानने का प्रयास किया.

इसके उपरांत गुजरात सरकार के वाइब्रेंट गुजरात की सफल गाथा के स्वरुप:

રૂ. 114 करो़ड के खर्च से बना नारायना मल्टी स्पेश्यालीटी होस्पीटल

રૂ. 122 करोड के खर्च से बना जी.सी.एस मेडिकल कोलेज और रीसर्च सेंटर

 

રૂ. 105 करोड के खर्च से बना CIMS होस्पीटल

રૂ. 65 करोड के खर्च से बना ट्राई-स्टार लाईफ साइंस लिमीटेड

રૂ. 50 .करोड के खर्च से बना HCG केंसर केयर होस्पिटल

 

રૂ. 20 करोड के खर्च से बना IRIS होस्पिटल

રૂ. 15 करोड के खर्च से बना साची होस्पिटल, इसके अलावा 150 करोड के खर्च से बना मेडिकल फिल्ड की शैक्षिक संस्था इंडियन इंस्टीटयुट ओफ पब्लिक हेल्थ, नया और गुजरात राज्य की विशाल योजना है. इस योजना के उपरांत अपोलो, सीम्स, साल, स्टर्लींग, जायडस, एपेक्स जैसी स्थापित विशाल होस्पिटले लोगों को स्वास्थ्य सेवा प्दान कर रही है.

3 सुपर स्पेशियालीटी होस्पिटल, 24 मेडिकल कोलेजेज, 22 डिस्ट्रिक्ट होस्पिटल, 36 सब डिस्ट्रिक्टहोस्पिटल, 117 गांट इन होस्पिटल, 307 अर्बन हेल्थ सेंटर, 363 कोम्युनिटी हेल्थ सेंटर, 1393 प्राइमरी हेल्थ सेंटर, 9156 सब-हेल्थ सेंटर, कुल 42 आयुर्वेदिक होस्पिटल, 559 आयुर्वेदिक डीस्पेंसरीस, कुल 18 होमियोपेथिक होस्पिटल, 219 होमियोपेथिक डीस्पेंसरीस की विशाल हेल्थ नेटवर्क गुजरात के पास उपलब्ध है. साथ ही साथ इमरजेंसी स्वास्थ्य सेवा को तेज और तत्पर बनाने के लिए 585 से अधिक 108 AMBULANCE  की व्यवस्था है.

इस स्वास्थ्य सुविधाओं को प्राप्त करने के लिए भी ‘माँ’ और ‘माँ वात्सल्य’ कार्ड योजना से रूपये २ लाख की सहायता राज्य सरकार के द्वारा दिए जाने से हर नागरिक के लिए स्वस्थ जीवन की कामना गुजरात पूरा कर रहा है ये साफ तौर से दिखाई दे रहा है. इसके साथ ही मेडिकल टुरिज्म पोलिसी २००६ द्वारा गुजरात ही नहीं बल्कि दुनियाभर के नागरिकों के लिये श्रेष्ठ आरोग्य सेवा के दरवाजे राज्य ने खोल दिए है.

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