Monday, April 15, 2024

TOPIC

Holi

होली की पौराणिक पृष्ठभूमि एवं क्षेत्रीय परंपरायें

होली सर्वसाधारण का पर्व है इस दिन छोटे-बड़े, ऊंच-नीच, भेदभाव मिटाकर सभी समरसता के साथ पर्व को मनाते है। होली एक ऐसा पर्व है जो खुशियों, रंगो, उत्साह और सौहार्द्र का प्रतीक है यह सर्दियों को विदा करने के साथ ही बसंत ऋतु का भी स्वागत करता है।

होलिका दहन से बैक्टीरिया और वायरस खत्म होते हैं

कोरोना महामारी के चलते कुछ हद तक प्रतिबंध लगाना अनुचित नही होगा, लेकिन सरकार को होली मनाने के पीछे की बैज्ञनिकता और फायदा को समझना चाहिए और होलिका दहन करने बालों की सहायता करनी चाहिए।

होली 2020

कैलाश सत्यार्थी की कविता

NRI youths celebrate Holi for humanity and unity

Let us whole heartedly welcome our brothers and sisters belonging to minority communities in our neighbouring countries who are persecuted to death in that hell!

Happy Holi 2019: CEO, Trilok Singh

Significance of Holi in our culture.

Happy Holi Hafeez

That dreadful day, we realized that every Hafeez is not a protector.

Dalit priesthood and Samajik samrasta

The appointment of dalit priests in Govt controlled temples in Kerala is a welcome development.

केसरिया होली

जब भारत में उड़ा होली में केसरिया रंग

Latest News

Recently Popular